कप एंड हैंडल (Cup and Handle) उन चार्ट पैटर्न्स में से है जिन्हें एक बार समझ लिया तो चार्ट पर बार-बार दिखने लगते हैं। इसका आकार चाय के कप जैसा होता है – पहले एक गोल “U” आकार की तली (कप), और फिर दाईं ओर एक छोटा-सा झुकाव (हैंडल)।
इस पैटर्न को मशहूर निवेशक विलियम ओ’नील (William O’Neil) ने लोकप्रिय बनाया, जिन्होंने पाया कि कई बड़े विजेता शेयरों ने बड़ी तेज़ी से पहले यही आकार बनाया था।
कप एंड हैंडल पैटर्न क्या है?
कप एंड हैंडल एक बुलिश कंटिन्यूएशन (तेज़ी जारी रखने वाला) पैटर्न है। यानी यह आम तौर पर पहले से चल रहे अपट्रेंड के बीच बनता है और बताता है कि छोटे आराम के बाद तेज़ी फिर से शुरू हो सकती है।

पैटर्न के दो हिस्से
- कप (Cup) – अपट्रेंड के बाद प्राइस धीरे-धीरे गिरता है, नीचे कुछ समय गोलाई में टिकता है और फिर धीरे-धीरे लगभग उसी पुराने हाई तक लौट आता है। अच्छा कप “V” नहीं, बल्कि गोल “U” आकार का होता है – जो दिखाता है कि बिकवाली धीरे-धीरे ख़त्म हुई और खरीदारी धीरे-धीरे लौटी।
- हैंडल (Handle) – कप के दाएँ किनारे पर पहुँचकर प्राइस एक छोटा-सा करेक्शन करता है। यहाँ कुछ लोग मुनाफ़ा बुक करते हैं। हैंडल कम वॉल्यूम के साथ बनता है और कप की गहराई के मुक़ाबले काफ़ी छोटा होता है।
कप और हैंडल के ऊपरी बिंदुओं को जोड़कर एक रेजिस्टेंस लाइन बनती है। जब प्राइस इस लाइन को तोड़ता है, तब पैटर्न की पुष्टि होती है।
कप एंड हैंडल को ट्रेड कैसे करें?

- कन्फ़र्मेशन – प्राइस हैंडल के ऊपर, यानी रेजिस्टेंस लाइन के ऊपर ब्रेकआउट करके बंद हो और वॉल्यूम बढ़ा हुआ हो।
- एंट्री – हैंडल के ऊपर ब्रेकआउट पर।
- स्टॉप-लॉस – हैंडल के निचले स्तर के नीचे।
- टारगेट – कप की गहराई (कप के सबसे निचले बिंदु से रेजिस्टेंस लाइन तक) नापें और इसे ब्रेकआउट पॉइंट में जोड़ें।
उदाहरण: कप का लो ₹800 और रेजिस्टेंस ₹1,000 है। गहराई = ₹200। ब्रेकआउट ₹1,000 पर हुआ, तो न्यूनतम टारगेट ≈ ₹1,200।
इस पैटर्न का एक बड़ा फ़ायदा है: स्टॉप-लॉस हैंडल के नीचे होने से रिस्क छोटा रहता है, जबकि टारगेट कप की पूरी गहराई जितना होता है – यानी रिस्क-रिवॉर्ड अक्सर बहुत अच्छा मिलता है।
अच्छे कप एंड हैंडल की पहचान
- पैटर्न से पहले अपट्रेंड हो।
- कप का आकार गोल (U) हो, बहुत नुकीला (V) नहीं।
- कप बहुत गहरा न हो – बहुत गहरी गिरावट पैटर्न को कमज़ोर करती है।
- हैंडल कप के ऊपरी आधे हिस्से में बने और छोटा हो।
- हैंडल में वॉल्यूम कम और ब्रेकआउट पर वॉल्यूम ज़्यादा हो।
सबसे ज़रूरी सबक
ट्रेडिंग में हमारा फ़ोकस सिर्फ़ पैसा कमाने पर नहीं, बल्कि अपनी पूँजी (Capital) को बचाने पर होना चाहिए। पूँजी बची रहेगी, तो अगला अच्छा मौका भी मिलेगा। इसीलिए कप एंड हैंडल जैसे अच्छे पैटर्न में भी स्टॉप-लॉस और सही पोज़िशन साइज़ सबसे पहले तय करें।
मुख्य बातें (Key Takeaways)
- कप एंड हैंडल अपट्रेंड के बीच बनने वाला बुलिश कंटिन्यूएशन पैटर्न है।
- गोल “U” आकार का कप और उसके बाद कम वॉल्यूम वाला छोटा हैंडल।
- एंट्री हैंडल के ऊपर ब्रेकआउट पर, स्टॉप-लॉस हैंडल के लो के नीचे।
- टारगेट = कप की गहराई, ब्रेकआउट पॉइंट से ऊपर।
- ब्रेकआउट पर वॉल्यूम बढ़ना ज़रूरी पुष्टि है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
कप एंड हैंडल बनने में कितना समय लगता है?
डेली चार्ट पर कप कुछ हफ़्तों से कई महीनों तक में बन सकता है, जबकि हैंडल आम तौर पर कुछ दिनों से कुछ हफ़्तों में बनता है।
अगर हैंडल न बने तो?
बिना हैंडल के सिर्फ़ गोल तली वाला आकार भी बन सकता है, जिसे “राउंडिंग बॉटम” या “कप विदाउट हैंडल” कहते हैं। हैंडल एंट्री और स्टॉप-लॉस के लिए साफ़ लेवल देता है, इसलिए उसके साथ ट्रेड करना आसान होता है।
क्या कप एंड हैंडल का उल्टा बेयरिश पैटर्न भी होता है?
हाँ, उल्टे आकार को “इनवर्टेड कप एंड हैंडल” कहते हैं, जो डाउनट्रेंड में गिरावट जारी रहने का संकेत दे सकता है। हालाँकि यह कम देखा जाता है।
इस सीरीज़ का अगला लेख: बुलिश फ्लैग पैटर्न क्या है? पोल, फ्लैग और ब्रेकआउट (Bullish Flag Pattern in Hindi) →
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल शैक्षिक उद्देश्य के लिए है, इसे निवेश या ट्रेडिंग की सलाह न समझें। शेयर बाज़ार में निवेश जोखिम के अधीन है। कोई भी निर्णय लेने से पहले अपनी रिसर्च करें या किसी रजिस्टर्ड सलाहकार से बात करें।



